हरिद्वार। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में सोमवार को हरिद्वार के मेला नियंत्रण सभागार में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में विकास, रोजगार, प्रशासनिक सुधार और जनकल्याण से जुड़े 13 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बैठक के प्रमुख फैसलों में सेवामुक्त अग्निवीरों के लिए आरक्षण नियमावली, मुख्यमंत्री राज्य बाल वीरता पुरस्कार योजना और जल एवं स्वच्छता मिशन के 215 पदों की निरंतरता बढ़ाना शामिल है।
अग्निवीरों को आरक्षण, बच्चों को मिलेगा सम्मान
कैबिनेट ने राज्याधीन सेवाओं में समूह ‘ग’ के सीधी भर्ती वाले वर्दीधारी पदों पर सेवामुक्त अग्निवीरों के सेवायोजन के लिए क्षैतिज आरक्षण नियमावली-2026 को मंजूरी दी। वर्ष 2025 की नियमावली में अग्निवीरों के लिए 10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण के साथ अधिकतम आयु सीमा और शारीरिक दक्षता परीक्षा में छूट का प्रावधान किया गया था।
प्रदेश में साहस और बहादुरी का परिचय देने वाले बच्चों को सम्मानित करने के लिए मुख्यमंत्री राज्य बाल वीरता पुरस्कार योजना भी स्वीकृत की गई। वहीं, स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत स्वजल परियोजना प्रबंधन इकाई के 189 और राज्य जल एवं स्वच्छता मिशन के 26 पदों की निरंतरता एक मार्च 2026 से 28 फरवरी 2027 तक बढ़ाई गई।
शोध संस्थान और अग्निशमन सेवाओं पर जोर
हरिद्वार के ऋषिकुल स्थित मदन मोहन मालवीय प्राच्य शोध संस्थान के विकास के लिए सोसायटी गठन को सैद्धांतिक मंजूरी दी गई। संस्थान को योग, ध्यान, आयुर्वेद, ज्योतिष, दर्शन और आध्यात्मिक पर्यटन के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने की योजना है।
व्यापारिक गतिविधियों को सरल बनाने के लिए द्वितीय उत्तराखंड जन विश्वास संशोधन विधेयक-2026 तथा अग्निशमन एवं आपात सेवा विधेयक-2026 को विधानसभा में प्रस्तुत करने की मंजूरी मिली। बाढ़ संभावित क्षेत्रों में भूमि उपयोग और विकास गतिविधियों को नियंत्रित करने के लिए बाढ़ मैदान परिक्षेत्रण नियमावली-2026 भी स्वीकृत की गई।
आवास और निवेश से जुड़े फैसले
कैबिनेट ने सार्वजनिक परिसंपत्तियों के विनिवेश एवं मुद्रीकरण से प्राप्त आय का 92 प्रतिशत संबंधित सार्वजनिक अभिकरणों को देने के प्रावधान को भी मंजूरी दी। हरिद्वार के सिसौना गांव में प्रस्तावित किफायती आवासीय परियोजना के पहुंच मार्ग की न्यूनतम चौड़ाई में छूट तथा बाजपुर के भौना इस्लामनगर में भूमि के भू-उपयोग परिवर्तन संबंधी आदेश में खसरा संख्या की त्रुटि सुधारने को स्वीकृति दी गई। इसके अलावा विधानसभा के वर्ष 2026 के तृतीय सत्र को आहूत करने और संस्कृति विभाग के वित्तीय अधिकारों में संशोधन को भी मंजूरी दी गई। बैठक में राज्य के विकास में सहयोग के लिए केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार जताया गया।
