हैदराबाद। भारतीय महिला हॉकी टीम की कप्तान Salima Tete ने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर में एक और बड़ी उपलब्धि हासिल कर ली है। उन्होंने 150 अंतरराष्ट्रीय मैच पूरे कर भारतीय हॉकी में नया मुकाम हासिल किया है। इस खास उपलब्धि पर Hockey India ने उन्हें बधाई दी और उनके प्रदर्शन की सराहना की।
सलीमा ने यह उपलब्धि 2026 के हॉकी वर्ल्ड कप क्वालिफायर्स के फाइनल मुकाबले में इंग्लैंड महिला हॉकी टीम के खिलाफ खेलते हुए हासिल की। यह मुकाबला हैदराबाद के जी.एम.सी. बालयोगी हॉकी स्टेडियम में खेला गया।
झारखंड में जन्मी 25 वर्षीय मिडफील्डर सलीमा टेटे अपनी तेज रफ्तार, आक्रामक खेल शैली और मैदान पर अथक मेहनत के लिए जानी जाती हैं। उन्होंने नवंबर 2016 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मेलबर्न में खेले गए टेस्ट मैचों की श्रृंखला के दौरान भारतीय टीम के लिए अंतरराष्ट्रीय पदार्पण किया था। इसके बाद से वह लगातार टीम की अहम खिलाड़ी बनी हुई हैं। अब तक सलीमा अंतरराष्ट्रीय हॉकी में 16 गोल भी कर चुकी हैं।
सलीमा ने महज 19 साल की उम्र में ओलंपियन बनने का गौरव हासिल किया था। वह 2020 Summer Olympics में चौथे स्थान पर रहने वाली भारतीय महिला हॉकी टीम का हिस्सा थीं। इसके बाद उनके प्रदर्शन में लगातार सुधार देखने को मिला और उन्होंने कई बड़े टूर्नामेंट में टीम के लिए अहम योगदान दिया।
साल 2022 में मस्कट में आयोजित महिला एशिया कप में सलीमा को ‘राइजिंग प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट’ का पुरस्कार मिला। इसी साल 2022 Commonwealth Games में न्यूजीलैंड के खिलाफ कांस्य पदक मुकाबले में उनका गोल भारत की जीत के लिए निर्णायक साबित हुआ।
इसके अलावा सलीमा उस भारतीय टीम का भी हिस्सा रहीं जिसने 2022 में स्पेन में आयोजित एफआईएच महिला नेशंस कप जीता और 2023 के एशियाई खेलों में कांस्य पदक हासिल किया। रांची में आयोजित महिला एशियन चैंपियंस ट्रॉफी 2023 में उन्होंने सात मैचों में पांच गोल कर ‘प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट’ का खिताब जीता।
साल 2024 में उन्हें भारतीय महिला हॉकी टीम का कप्तान बनाया गया। उनकी कप्तानी में भारत ने महिला एशियन चैंपियंस ट्रॉफी 2024 में स्वर्ण पदक जीता और 2025 के महिला एशिया कप में रजत पदक हासिल किया।
उनके शानदार प्रदर्शन के लिए उन्हें कई पुरस्कार भी मिले हैं। वर्ष 2024 में खेल के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए उन्हें Arjuna Award से सम्मानित किया गया।
हॉकी इंडिया के अध्यक्ष Dilip Tirkey ने सलीमा को बधाई देते हुए कहा कि इतनी कम उम्र में 150 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलना उनकी प्रतिभा, मेहनत और समर्पण का प्रमाण है।