गुरुवार की सुबह निवेशकों के लिए किसी झटके से कम नहीं रही। दो दिन की लगातार तेजी के बाद शेयर बाजार अचानक फिसल गया, वहीं कमोडिटी मार्केट में भी सोना और चांदी की कीमतों में भारी गिरावट देखने को मिली। एक साथ दोनों बाजारों में आई इस कमजोरी ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है।
कारोबार की शुरुआत से ही घरेलू शेयर बाजार दबाव में नजर आया। बीएसई का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स अपने पिछले बंद 83,817.69 के मुकाबले हल्की गिरावट के साथ 83,757.54 पर खुला, लेकिन शुरुआती मिनटों में ही बिकवाली तेज हो गई। कुछ ही देर में सेंसेक्स 500 अंकों से ज्यादा टूटकर 83,313 के स्तर तक फिसल गया।
वहीं एनएसई का निफ्टी भी कमजोरी से अछूता नहीं रहा। 25,776 के पिछले बंद के मुकाबले निफ्टी 25,755.90 पर खुला, लेकिन जल्द ही 164 अंकों की गिरावट के साथ 25,612.90 के स्तर पर आ गया।
भारतीय बाजारों पर विदेशी संकेतों का स्पष्ट असर देखने को मिला। गिफ्ट निफ्टी पहले ही 100 अंकों से ज्यादा गिरावट का संकेत दे रहा था। एशियाई बाजारों में भी भारी दबाव रहा। जापान का निक्केई 500 अंकों से अधिक टूटा, हांगकांग का हैंग सेंग 350 अंक और दक्षिण कोरिया का कोस्पी इंडेक्स करीब 180 अंकों की गिरावट के साथ कारोबार करता नजर आया। वैश्विक स्तर पर बने नकारात्मक माहौल ने घरेलू निवेशकों का भरोसा कमजोर किया।
सेक्टरों की बात करें तो गिरावट का असर लगभग हर हिस्से में दिखा। लार्जकैप शेयरों में इंडिगो, बीईएल और इटरनल 2 से 2.30 फीसदी तक टूट गए। मिडकैप सेगमेंट में टी इंडिया में करीब 8 फीसदी, डिक्सॉन में 5 फीसदी और यूपीएल में 3 फीसदी तक की गिरावट दर्ज की गई। स्मॉलकैप शेयरों में भी भारी बिकवाली रही और रेडिंगटन, टिमकेन तथा एमसीएक्स जैसे शेयर 4 से 5 फीसदी तक फिसल गए। रिलायंस, बजाज फाइनेंस, अडानी पोर्ट्स, टाटा स्टील और एचडीएफसी बैंक जैसे दिग्गज शेयर भी लाल निशान में रहे।
शेयर बाजार के साथ-साथ कमोडिटी मार्केट में भी जोरदार हलचल देखने को मिली। एमसीएक्स पर 5 मार्च एक्सपायरी वाली चांदी की कीमतों में 24,000 रुपये से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई। वहीं 2 अप्रैल एक्सपायरी वाला सोना करीब 2,400 रुपये सस्ता हो गया।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक संकेतों में कमजोरी, मुनाफावसूली और अनिश्चित आर्थिक माहौल के कारण निकट भविष्य में बाजार में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। ऐसे में निवेशकों को फिलहाल सतर्कता बरतने की सलाह दी जा रही है।