प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी गुरुवार को राष्ट्रमंडल देशों के लोकसभा अध्यक्षों और पीठासीन अधिकारियों के 28वें सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे। यह महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन संसद भवन परिसर स्थित संविधान सदन के केंद्रीय कक्ष में आयोजित किया जाएगा। उद्घाटन सत्र के दौरान प्रधानमंत्री सम्मेलन को संबोधित भी करेंगे।
प्रधानमंत्री कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, इस सम्मेलन की अध्यक्षता लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला करेंगे। सम्मेलन में 42 राष्ट्रमंडल देशों के अलावा चार अर्ध-स्वायत्त संसदों से जुड़े कुल 61 स्पीकर और पीठासीन अधिकारी भाग ले रहे हैं। यह सम्मेलन संसदीय लोकतंत्र को मजबूत करने की दिशा में एक अहम मंच माना जा रहा है।
सम्मेलन के दौरान समकालीन और उभरते संसदीय विषयों पर गहन विचार-विमर्श किया जाएगा। इसमें लोकतांत्रिक संस्थाओं को सशक्त बनाने में स्पीकर और पीठासीन अधिकारियों की भूमिका पर विशेष चर्चा होगी। साथ ही, संसदीय कार्यप्रणाली में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के उपयोग, सांसदों और संसदीय प्रक्रिया पर सोशल मीडिया के बढ़ते प्रभाव जैसे मुद्दे भी एजेंडे में शामिल हैं।
इसके अलावा संसद के प्रति आम नागरिकों में जागरूकता बढ़ाने के लिए नए और अभिनव तरीकों पर भी मंथन किया जाएगा। मतदान से आगे नागरिक सहभागिता को प्रोत्साहित करने की रणनीतियों पर विचार कर लोकतंत्र को और अधिक सहभागी बनाने पर जोर दिया जाएगा।
भारत में इस सम्मेलन का आयोजन वैश्विक संसदीय सहयोग को मजबूती देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे राष्ट्रमंडल देशों के बीच अनुभवों और सर्वोत्तम प्रथाओं का आदान-प्रदान संभव होगा।