मथुरा (उत्तर प्रदेश)। दिल्ली–आगरा यमुना एक्सप्रेस-वे पर मंगलवार तड़के एक भीषण सड़क हादसे ने पूरे क्षेत्र को दहला दिया। मथुरा जिले के अंतर्गत घने कोहरे के कारण सात बसों और तीन कारों की आपस में जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर के तुरंत बाद कई वाहनों में आग लग गई, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। इस दर्दनाक हादसे में अब तक छह यात्रियों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 25 से अधिक लोग झुलस गए हैं।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सुबह के समय कोहरा इतना घना था कि आगे कुछ भी दिखाई नहीं दे रहा था। इसी दौरान एक वाहन के अचानक ब्रेक लगाने से पीछे आ रही बसें और कारें एक-दूसरे से टकराती चली गईं। टक्कर इतनी भीषण थी कि कुछ ही पलों में वाहनों में आग भड़क उठी। आग की लपटों और धुएं के बीच यात्रियों की चीख-पुकार सुनाई देने लगी।
सूचना मिलते ही पुलिस, दमकल विभाग और एंबुलेंस की टीमें मौके पर पहुंचीं। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। राहत एवं बचाव कार्य लगभग पूरा कर लिया गया है। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। चिकित्सकों के अनुसार, सभी घायलों की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
घटना की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौके पर मौजूद रहे और राहत कार्यों की निगरानी की। हादसे के बाद यमुना एक्सप्रेस-वे के प्रभावित हिस्से में यातायात को अस्थायी रूप से रोक दिया गया, जिससे लंबा जाम लग गया।
मुख्यमंत्री ने इस दर्दनाक हादसे का संज्ञान लेते हुए मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। साथ ही उन्होंने घायलों के समुचित और बेहतर इलाज के निर्देश भी दिए हैं। प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि घने कोहरे के दौरान विशेष सावधानी बरतें और सीमित गति में वाहन चलाएं, ताकि इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।